चचेरी बहन से कोर्ट मैरिज करने वाले डॉक्टर दंपती को गांव से निकाला, शहर में ली शरण

चचेरी बहन से कोर्ट मैरिज करने वाले डॉक्टर दंपती को गांव से निकाला, शहर में ली शरण
हापुड़। बाबूगढ़ थाना क्षेत्र के एक गांव में चचेरी बहन से कोर्ट मैरिज करने वाले एक युवक और युवती को गांव की पंचायत ने रहने से मना कर दिया। पंचायत के विरोध के बाद दंपती जान के खतरे के डर से गांव छोड़कर शहर के मंडी क्षेत्र में शरण लेने को मजबूर हो गए।
जानकारी के अनुसार गांव का एक अपंजीकृत चिकित्सक और उसकी चचेरी बहन का पिछले 2 साल से प्रेम प्रसंग चल रहा था। परिजनों और समाज के विरोध के चलते 5 अगस्त को दोनों ने चुपचाप कोर्ट मैरिज कर ली। बताया जा रहा है कि इससे पहले युवती ने कई बार जान देने का भी प्रयास किया था।
शादी के बाद जब दोनों पति-पत्नी बनकर गांव पहुंचे तो बिरादरी में हड़कंप मच गया। अगले दिन पंचायत बैठी। पंचों ने दंपती को गांव छोड़ने का फरमान सुना दिया। ग्रामीणों का कहना था कि ऐसे रिश्ते सामाजिक मर्यादा और बच्चों के संस्कारों पर असर डालते हैं। इसलिए दोनों को गांव में नहीं रहने दिया जाएगा।
पंचायत के फैसले के बाद दंपती ने गांव में अपना घर होने के बावजूद शहर में रहना शुरू कर दिया है।
इस मामले पर थाना बाबूगढ़ के एसएचओ प्रवीण कुमार ने कहा, *”हमें इस मामले की कोई जानकारी नहीं है। न तो किसी परिवार ने सूचना दी है और न ही दंपती ने संरक्षण की मांग की है। हम जानकारी जुटा रहे हैं। किसी को भी कानून हाथ में लेकर पंचायत के जरिए आदेश थोपने की इजाजत नहीं दी जाएगी।















