नाबालिग से दुष्कर्म, जबरन गर्भपात कराने का आरोप; पीएचसी की स्टाफ नर्स समेत 6 पर केस दर्ज

नाबालिग से दुष्कर्म, जबरन गर्भपात कराने का आरोप; पीएचसी की स्टाफ नर्स समेत 6 पर केस दर्ज
पीड़िता के पिता की तहरीर पर पुलिस ने की कार्रवाई, सीएमओ ने जांच कमेटी गठित की; एसपी बोले- मेडिकल और बैंक रिकॉर्ड खंगाले जाएंगे
हापुड़। सिंभावली थाना क्षेत्र के एक गांव में नाबालिग किशोरी से दुष्कर्म और जबरन गर्भपात कराने का मामला सामने आया है। आरोप है कि गर्भवती होने पर पीएचसी बक्सर में स्टाफ नर्स की मदद से किशोरी का गर्भपात करा दिया गया। पीड़िता के पिता की शिकायत पर पुलिस ने मुख्य आरोपी समेत स्टाफ नर्स व चार अन्य के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। सीएमओ ने मामले की जांच के लिए कमेटी गठित कर दी है।
नवंबर में किया दुष्कर्म, धमकी देकर चुप कराया
पुलिस को दी तहरीर में पीड़िता के पिता ने बताया कि 6 नवंबर 2025 को उनकी नाबालिग बेटी पड़ोस में सहेली के घर गई थी। आरोप है कि वहां सहेली के भाई दुष्यंत ने किशोरी को कमरे में ले जाकर दुष्कर्म किया और किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी दी। आरोप है कि 15 नवंबर 2025 को आरोपी ने फिर से किशोरी को बुलाकर दुष्कर्म किया, जिससे वह गर्भवती हो गई।
20 हजार भेजकर दबाव, पीएचसी में कराया गर्भपात
पिता का आरोप है कि गर्भवती होने की जानकारी पर आरोपी पक्ष ने मामला दबाने का प्रयास किया। 2 जून 2026 को आरोपियों ने पीड़िता व उसके पिता पर गर्भपात का दबाव बनाया। विरोध पर धमकी दी गई। आरोप है कि उसी दिन पीएचसी बक्सर में स्टाफ नर्स सीमा की मदद से जबरन गर्भपात करा दिया गया। इसके लिए पीड़िता के खाते में यूपीआई से 20 हजार रुपये भी भेजे गए। तबीयत बिगड़ने पर पीड़िता ने परिजनों को आपबीती बताई, जिसके बाद पुलिस से शिकायत की गई।
6 लोगों पर केस, जांच में जुटी पुलिस
एसपी ज्ञानंजय सिंह ने बताया कि मुख्य आरोपी दुष्यंत, पप्पू, अंजु, कुंवरपाल, संतगिर और स्टाफ नर्स सीमा के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है। सभी आरोपियों की भूमिका की जांच की जा रही है। मेडिकल रिकॉर्ड, बैंक ट्रांजेक्शन और अन्य साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं।
सीएमओ ने गठित की जांच कमेटी
सीएमओ डॉ. किशोर कुमार अहूजा ने कहा कि मामले में कमेटी गठित कर गर्भपात की जांच कराई जा रही है। रिपोर्ट के आधार पर दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी।











