सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन ने की महिला अधिवक्ताओं की क्रूरता से पिटाई की निंदा,हापुड़ के वकीलों को दिया समर्थन,जांच की मांग

हापुड़ (अमित अग्रवाल मुन्ना)।
हापुड़ पुलिस द्वारा महिला अधिवक्ताओं पर क्रूरता पूर्वक किए गए लाठीचार्ज की सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन ने कड़े शब्दों में निन्दा करते हुए जांच की मांग करते हुए हापुड़ बार को अपना समर्थन दिया।
एसोशिएशन के सचिव रोहित पांडेय ने कहा कि
हापुड़ पुलिस ने महिला अधिवक्ताओं को भी क्रूरता से मारा गया। पुलिस की कथित ज्यादती के खिलाफ शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे अधिवक्ताओं पर लाठीचार्ज उनके अधिकारों और कानून के शासन का स्पष्ट उल्लंघन है।
सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन अधिवक्ताओं की प्रतिष्ठा पर किसी भी हमले को बर्दाश्त नहीं करेगा और इसके अनुसरण में, उत्तर प्रदेश सरकार से मांग करता है कि वह तत्काल कदम उठाए:
घटना की जाँच करें और दोषी पुलिस अधिकारियों को न्याय के कटघरे में लाएँ।
लाठीचार्ज के लिए जिम्मेदार पुलिस अधिकारियों की निंदा करें। घायल अधिवक्ताओं को मुआवजा दें। यह सुनिश्चित करने के लिए उपाय करें कि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।ऐसी क्रूर घटनाओं से अधिवक्ताओं और उनके परिवारों की सुरक्षा के लिए अधिवक्ता संरक्षण अधिनियम लागू करें और लागू करें। राज्य में कानून और व्यवस्था की स्थिति में सुधार के लिए कदम उठाएं और यह सुनिश्चित करें कि पुलिस कर्मी अपने कार्यों के लिए जवाबदेह हों।
सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन भी बार काउंसिल ऑफ इंडिया और अन्य सभी राज्य बार काउंसिलों से अधिवक्ताओं के अधिकारों की रक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाने और यह सुनिश्चित करने का आह्वान करता है कि वे धमकी या उत्पीड़न के डर के बिना अपने कर्तव्यों का पालन करने में सक्षम हैं।
सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन हापुड के अधिवक्ताओं के साथ एकजुटता से खड़ा है और न्याय सुनिश्चित करने के लिए हरसंभव प्रयास करने का वचन देता है












