बीमारी से क्षुब्ध हापुड़ के शिक्षक ने मुरादाबाद में फांसी लगाकर दी जान

हापुड़/ मुरादाबाद।
मझोला थानाक्षेत्र खुशहालपुर सिद्धार्थ नगर में शिक्षक सुधांशु राज (35) को डॉक्टर ने बोन टीबी होने की जानकारी दी तो वह रात भर रोते रहे और सोमवार की सुबह उन्होंने फंदे से लटक कर जान दी। पिता का कहना है कि रीढ़ में दर्द होने पर वह बेटे को रविवार की शाम डॉक्टर के पास ले गए थे। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और फोरेंसिक टीम भी बुला ली। सोमवार की शाम आई पोस्टमार्टम रिपोर्ट में लटकने से मौत होने की पुष्टि हुई है।
खुशहालपुर सिद्धार्थ नगर गली नंबर आठ निवासी राज कुमार आयकर विभाग में प्रशासनिक अधिकारी के पद से सेवानिवृत्त हैं। राज कुमार ने बताया कि उनके छोटे बेटे सुधांशु राज ने एमसीए किया था और वह हापुड़ स्थित गोयलका इंटर कालेज में शिक्षक थे। उन्हें 15 दिन से रीढ़ की हड्डी में दर्द हो रहा था। दिल्ली रोड स्थित अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था लेकिन आराम नहीं मिला।
रविवार की शाम वह अपने बेटे को सिविल लाइंस स्थित निजी अस्पताल में ले गए और डॉक्टर से चेकअप कराया था।
इस दौरान डॉक्टर ने उन्हें बोन टीबी होने की जानकारी दे दी थी। घर आने के बाद सुधांशु रात भर रोते रहे। राजकुमार ने बेटे को बहुत समझाया लेकिन सुधांशु शांत नहीं हुए। घर वालों ने समझाकर खाना खिलाया। इसके बाद सभी लोग सो गए।
सोमवार सुबह करीब आठ बजे राज कुमार और उनकी पत्नी मालती दूध लेने चले गए थे। घर पर सुधांशु ही थे। दूध लेकर जब दोनों वापस आए तो सुधांशु नजर नहीं आए। मोबाइल पर कॉल की गई लेकिन कॉल रिसीव नहीं हुई। दोपहर करीब 12 बजे राज कुमार अपने बराबर वाले मकान में गए तो उन्होंने देखा कि सुधांशु जीने की रेलिंग से शाल के सहारे लटके हुए थे। शोर मचाने पर आस पड़ोस के लोग आ गए और सुधांशु को नीचे उतारा गया लेकिन तब तक मौत हो चुकी थी।
एसपी सिटी कुमार रण विजय सिंह ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में लटकने से मौत होने की पुष्टि हुई है।












