मौत और जिंदगी से जूझते हुए गोली लगने से घायल किसान की मौत, पुलिस 18 दिन बाद भी नहीं पकड़ सकी आरोपियों को

मौत और जिंदगी से जूझते हुए गोली लगने से घायल किसान की मौत, पुलिस 18 दिन बाद भी नहीं पकड़ सकी आरोपियों को
हापुड़। थाना गढ़मुक्तेश्वर क्षेत्र के एक गांव में खेत में काम कर रहे किसान को गोली मारकर घायल करने के मामले में मौत और जिंदगी से जूझते हुए किसान की मौत हो गई, परन्तु पुलिस 18 दिन बाद भी आरोपियों को नहीं पकड़ सकी है। जिससे परिजनों में आक्रोश व्याप्त है।
गढ़मुक्तेश्वर क्षेत्र के गांव मानकचौक निवासी 48 वर्षीय किसान तस्वीर सिंह उर्फ पिंटू 20 सितंबर की दोपहर मंडी में नींबू बेचकर घर आए थे। इसी दौरान उन्हें किसी ने कॉल कर खेत पर बुलाया। तस्वीर सिंह ने अपने साथियों किशन सिंह और प्रवीन सिंह निवासी मढैया की मदद से खाली करेट ट्यूबवेल के कमरे में रखवाईं। इसके बाद वह खेत के आसपास टहलने लगे। इसी बीच अचानक गोली चलने की आवाज सुनाई दी। प्रवीन सिंह मौके पर पहुंचे तो तस्वीर सिंह खून से लथपथ जमीन पर पड़े थे। मेरठ के अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था।
देर रात इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। पुलिस ने प्रारंभिक जांच में अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या के प्रयास की रिपोर्ट दर्ज की थी, जिसे अबहत्या में संशोधित किया गया है। वहीं सीओ स्तुति सिंह ने बताया कि हत्या की धारा में रिपोर्ट दर्ज की जा रही है। वहीं पुलिस टीम आरोपियों के बेहद करीब पहुंच गई है। जल्द ही खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। मंगलवार को पोस्टमार्टम के बाद शव गांव पहुंचते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई।












