मिलावटखोरों के विरुद्ध 18 मामलों में एडीएम ने लगाया 3.75 लाख रुपए का जुर्माना

हापुड़ः
खाद्य सुरक्षा विभाग की हालिया जांच में कई खाद्य पदार्थ मानकों पर खरे नहीं उतरे हैं।
लखनऊ हाईवे पर सरूरपुर के पास स्थित बिस्मिल्लाह टूरिस्ट ढाबा का कोरमा सेहत के लिए खतरनाक पाया गया है, जिसके खिलाफ सीजेएम कोर्ट में अभियोग दर्ज किया गया। इसी प्रकार, बुलंदशहर रोड पर स्थित अल-शान चिकन महल होटल की लौंग का सैंपल भी जांच में फेल हो गया। इसके अलावा केशव नगर के विनोद मधुबन बड़ा की दही भी मानकों पर खरी नहीं उतरी है। सभी मामलों में एडीएम कोर्ट से जुर्माना लगाया गया है।
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की टीम ने पिछले कुछ महीनों में जिले में विभिन्न स्थानों पर कार्रवाई
करते हुए नमूने लिए थे। जब मानकों के अनुरूप खाद्य सामग्री नहीं मिली, तो एडीएम न्यायालय में वाद दायर किए गए। अब तक 18 मामलों में वादों का निस्तारण करते हुए कुल 3.75 लाख का जुर्माना लगाया गया है। इनमें वह प्रतिष्ठान भी शामिल है, जिसका घेवर खाकर हापुड़ और मेरठ के 40 से अधिक लोग बीमार हो गए थे।
यह कार्रवाई आयुक्त और डीएम के निर्देश पर की गई थी, जो जून, जुलाई और अगस्त में हुई। जांच
रिपोर्ट आने के बाद संबंधित के खिलाफ वाद दायर किए गए और अब जुर्माने की कार्रवाई की गई है। जुर्माने की सूची में बंसल डेयरी, बाबूगढ़ से पनीर के नमूने पर 20 हजार, फ्री गंज रोड स्थित शिवा फूड कोर्ट की सोयाचाप पर 20 हजार, गांव अटूटा के धर्म प्रकाश गुप्ता के रसगुल्ले पर 25 हजार, पक्का बाग पर रतनलाल स्वीट्स की खोया बर्फी पर 25 हजार, और अन्य कई प्रतिष्ठानों पर जुर्माना लगाया गया है। खाद्य सुरक्षा विभाग के उपायुक्त सुनील कुमार ने बताया कि छापामार कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।












